
अल्फोंस दोदे
मेरी पवनचक्की से पत्र
लेआउट
प्रारूप: PDF। किसी भी डिवाइस पर पढ़ी जा सकती है।
- फ़्रेंच में शीर्षक
- Lettres de mon moulin
- मूल प्रकाशन
- 1869
- भाषाएँ
- फ़्रेंच और हिंदी
- पृष्ठ
- लगभग 303
- संस्करण
- संपूर्ण
पुस्तक का सारांश
प्रोवांस की एक परित्यक्त पवनचक्की में बसा कथावाचक अपने पेरिसी पाठकों को उस इलाक़े और उसके लोगों की कहानियाँ भेजता है। इनमें मस्यू सेगैं की बकरी, कुकुन्यां का पादरी, कोर्सिका के दीपस्तंभ-रक्षक और अपने देहात में भुला दिया गया एक बूढ़ा दंपति मिलते हैं। ये वृत्तांत प्रहसन, किंवदंती और उन छोटे दृश्यों के बीच बदलते रहते हैं जहाँ एक पूरा जीवन चंद पन्नों में समा जाता है। संग्रह ग्रामीण प्रोवांस, उसके लुप्त होते पेशों और उसे दूर से देखते एक आदमी की उदासी की पड़ताल करता है। दोदे यहाँ सरल और संगीतमय गद्य लिखते हैं, जहाँ हास्य के पीछे से अक्सर विषाद झाँकता है।



