लंदन में एक सुबह, एक मामूली वास्तुकार अपने बाथटब में एक अनजान आदमी की लाश पाता है, जिसने सोने के एक चश्मे के सिवा कुछ नहीं पहन रखा। उसी दिन एक अमीर पूँजीपति बिना कोई निशान छोड़े ग़ायब हो जाता है। लॉर्ड पीटर विम्ज़ी, एक सजीले अभिजात और शौक़िया जासूस, अपने वफ़ादार नौकर बंटर की मदद से जाँच में जुट जाते हैं।
यह लॉर्ड पीटर की पहली जाँच है, एक नायक जो जितना मज़ेदार है उतना ही तेज़, और अपनी हल्की-फुल्की अदाओं के पीछे ग़ज़ब की सूझ छिपाए रखता है।
हास्य से भरे संवादों वाला यह उपन्यास, आप जो भाषा सीख रहे हैं, उसमें आसानी से पढ़ा जाता है।



















